फिल्मों में आपने देखा होगा कि हीरो विलेन से लड़ने या बदला लेने के लिए बॉक्सिंग वाले पंच बैग को मारकर प्रैक्टिस करता है। हाल ही में आयी फिल्म RRR में साउथ एक्टर राम चरण ने शानदार पंचिंग बैग के साथ अपनी बॉडी मसल्स का प्रदर्शन किया था। अगर आपको कहा जाए कि किसी पंचिंग बैग को आप कितनी बार या कितने समय के लिए पंच कर सकते हैं।

जाहिर हैं आप कहेंगे कि 100 बार, 300 बार और बहुत हद हुई तो 1000 बार। और समय की बात हुई तो आधे घंटे बैग को पंच करने का टास्क सभी पूरा करने की ठान सकते हैं। 

लेकिन क्या आपको मालूम है कि सबसे ज्यादा समय तक बॉक्सिंग पंचिंग बैग को पंच करने का रिकॉर्ड क्या है और इसे देश ने बनाया है। अगर आप इस बारे में जानेंगे तो आपको जरूर गर्व होगा क्योंकि इस रिकॉर्ड को एक भारतीय नागरिक ने बनाया है। यह रिकॉर्ड गिनीज बुक ऑफ़ वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज है। तो आइये इस रिकॉर्ड के बारे में विस्तार से जानते हैं। 


पंच-बैग पर मुक्का मारने की सबसे लंबी मैराथन (longest marathon punching a punch-bag)


आपको बता दें कि पंच बैग पर सबसे ज्यादा समय तक मुक्का मारने का रिकॉर्ड भारतीय व्यक्ति के नाम है।  42 वर्षीय सॉफ्टवेयर इंजीनियर सिधू क्षेत्री ने पंच-बैग से सबसे लम्बे समय तक पंच करने का रिकॉर्ड बनाया है। 
उन्होंने 55 घंटे लगातार पंच बैग को मुक्का मारा है। यह एक गिनीज बुक ऑफ़ वर्ल्ड रिकॉर्ड है। 

longest punch bag records in Hind

सिधू क्षेत्री की कहानी 


कई तायक्वोंडो चैंपियनशिप में भारत का प्रतिनिधित्व करने वाले मार्शल आर्टिस्ट सिद्धू ने 55 घंटे 15 मिनट तक पंच बैग को मुक्का मारा है। उन्होंने पंच बैग को सबसे ज्यादा समय तक मुक्का मारने के पिछले रिकॉर्ड को 5 मिनट से पीछे छोड़ दिया।

55 घंटे 10 मिनट पंच बैग को मुक्का मारने का रिकॉर्ड तोडा 

जैसा कि ऊपर बताया जा चुका है कि सिद्धू क्षेत्री ने 55 घंटे 15 मिनट तक पंच बैग को मुक्का मारकर पिछले रिकॉर्ड 55 घंटे 10 मिनट को तोड़ा। 

इस विश्व रिकॉर्ड को तोड़ना सहनशक्ति की एक कठिन परीक्षा थी। नियमों के अनुसार चुनौती देने वाले को अटेम्प्ट के दौरान हर दो सेकंड में कम से कम एक बार मुक्का मारना होता है, और बैग के हर प्रहार के बाद हाथ को अपनी मूल स्थिति में वापस लाना होता है। 

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जैसा कि सभी 'सबसे लंबे मैराथन' रिकॉर्डों के साथ होता है, अटेम्प्ट के प्रत्येक घंटे के बाद चुनौती देने वाले को पांच मिनट के आराम ब्रेक की अनुमति दी जाती है, जिसे अगर व्यक्ति ने नहीं लिया तो यह 5 मिनट अगले घंटे के लिए जुड़ता जायेगा। केवल इन ब्रेक के दौरान ही सिद्धू खा सकते थे, सो सकते थे या बाथरूम का उपयोग कर सकते थे।

सिद्धू ने इस बारे में बताया, ''दर्द 20 घंटे के आसपास शुरू हुआ। उस समय मैंने खुद को याद दिलाया कि यह मेरी सीमाओं की परीक्षा है। मेरा मानना था कि अगर मैं भावनात्मक रूप से मजबूत रहूँगा तो मैं दर्द सह सकता हूं। सबसे कठिन फेज दूसरी रात थी, लगभग 30 घंटे क्योंकि बिना सोये लगातार मुक्का मारना बहुत कठिन था, लेकिन मेरे दोस्तों और परिवार के प्रोत्साहन और सपोर्ट ने मुझे आगे बढ़ने की हिम्मत दी, जिससे मुझे अपनी सीमाएं बढ़ाने का मौका मिला। हालाँकि मैंने रुकने के बारे में नहीं सोचा था, मैं खुद से कहता रहा: बस एक घंटा और।'"

रिकॉर्ड तोड़ने के लिए 6 महीने पहले से ही शुरू कर दी थी ट्रेनिंग 

 

इस रिकॉर्ड को तोड़ने की तैयारी में सिद्धू ने छह महीने बिताए। इन 6 महीनो में वह हर दिन 8 घंटे ट्रेनिंग किया करते थे। वह रोज सुबह 4 बजे से 8 बजे तक चार घंटे का ट्रेनिंग करते थे। इसके बाद शाम को दुसरे सेशन में ट्रेनिंग करते थे। 

इससे पहले सिद्धू ने 3 मिनट में सबसे ज्यादा मार्शल आर्ट किक मारने का रिकॉर्ड बनाया है 

सिद्धू एक पैर से तीन मिनट में सबसे अधिक मार्शल आर्ट किक (620) मारने का रिकॉर्ड 2013 में बनाया था।  इसके 10 साल बाद उन्होंने मुक्के वाला रिकॉर्ड बनाया। उन्होंने एक पैर का उपयोग करके एक मिनट में सबसे अधिक मार्शल आर्ट किक (168) मारने के 2011में भी बनाया था।

उनके इन दोनों रिकॉर्डों को पाकिस्तान के अहमद अमीन बोदला ने तोड़ दिया है। अहमद के एक घंटे में एक पैर से सबसे अधिक मार्शल आर्ट किक (6,970) के अन्य रिकॉर्ड भी हैं। 

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